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Tuesday, 01 December 2020 13:34

Dr Jayanti Prasad Nautiyal

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Brief Intro | Academic Qualifications | Honors & Awards | Books & Publications | Family

Brief Intro

The most versatile banker of the world, limca book of world record holder...

Dr. Jayanti Prasad Nautiyal was born on 3rd March 1956 in Dehradun, Uttaranchal State. He is the son of late Pandit B.R.Nautiyal and Smt. Kadambari Nautiyal . Dr. J.P.Nautiyal did his schooling at Dehradun and thereafter pursued his studies at various universities. So far he has to his credit 78 degrees/diplomas & Training Certificates and he is continuing his studies till date. He has worked in various capacities in government and private organizations and practiced 70 professions.

He has authored 34 Books on various subjects and jointly authored/Edited 44 Books in Hindi. 62 published books are at his credit. His many books are prescribed as Text books/Reference books in several Indian Universities /Boards/Autonomous Colleges.

He also has to his credit over 1272  published articles written on various subjects including Banking, Management & Literature etc.  He jointly translated 95 Books. He has vast experience in journalism, he has edited 111 issues and 103 editorial assignments of 14 magazines. He presented 108 Research papers / write-ups at various National Seminars and delivered key note address.  He has also contributed to AIR and his 73 programmes were broadcast by Akashavani, Mangalore & Goa. Dr. Nautiyal so far bagged 101 Awards, Accolades, Recognition and Prizes for his literary contributions.  He has also received 44 Appreciation letters for his professional excellence.

Dr. Nautiyal accomplished 648 various assignments like Research Guide, Member Board of Studies, Expert Banking Terminology etc. He deliberated and represented in 129 Apex Committees on various issues constituted by RBI, MOF , IBA,NIBM, IIBF and Corporation Bank, a premier Public Sector Bank.

Dr.Nautiyal’s  research establishing Hindi Language as the language being spoken by the  largest population in the world leaving Chinese language (Mandarin) to the second place has been well received among the scholars in the linguistic field world over. Through out the world news papers and internet portals have been giving adequate publicity to his research findings

Dr. Nautiyal is a versatile genius.  Besides being MBA in Banking and Finance he holds prestigious Ph.D Degree and D.Lit. Degree in Hindi literature too.

25 से अधिक राष्ट्रीय पुरस्कारों से अलंकृत, विश्व रिकार्ड की लिम्का बुक में स्थान पाने वाले, विश्व का सर्वाधिक व्यापक बायोडाटा  की ख्याति पाने वाले डॉ जयंती प्रसाद नौटियाल का जन्म तीन मार्च, उन्नीस सौ छप्पन  को उत्तराखण्ड राज्य के देहरादून नामक शहर में हुआ ।  वे स्वर्गीय पं.बी.आर. नौटियाल एवं श्रीमती कादंबरी नौटियाल के सुपुत्र हैं । उनकी  विद्यालयी शिक्षा देहरादून में हुई व उसके उपरांत उन्होने  भारत के विभिन्न विश्वविद्यालयों में अध्ययन किया । उन्होने  शिक्षा और साहित्य के क्षेत्र मे विश्व कीर्तिमान स्थापित किया है तथा उन्हे  “ विश्व का सर्वाधिक बहुमुखी प्रतिभा संपपन व्यक्ति/ बैंकर “ होने का गौरव प्राप्त है । इनका  नाम लिमका बुक ऑफ रेकॉर्ड मे  दर्ज है । इनका  बयोडेटा विश्व का सबसे विशाल एवं अद्वितीय है। यह भी एक विश्व रेकॉर्ड है। यह 3311 पृष्ठों मे है तथा इसमे इनकी  4488 उपलब्धियां दर्ज हैं ।

 डॉ नौटियाल भारत के प्रतिष्ठित विश्व विद्यालयों / संस्थानों से  78  डिग्री / डिप्लोमा तथा प्रमाण पत्र प्राप्त कर चुके  हैं  । आप , एम बी ए.( बैंकिंग एवं वित्त ) उपाधि के साथ-साथ वे साहित्य में प्रतिष्ठित पीएच.डी. एवं डी.लिट् उपाधि धारी हैं  ,  तथा  अभी भी अध्ययनरत हैं  । इन्होने  विभिन्न सरकारी पदों तथा निजी संगठनों में विभिन्न पदों पर कार्य किया तथा 70 प्रकार के पेशों / पदों पर कार्य का अनुभव प्राप्त है । डॉ नौटियाल भारत सरकार के बैंक , कार्पोरेशन बैंक,( अब यूनियन बैंक ) से उप महा प्रबन्धक पद से सेवा निवृत  हैं ।    विभिन्न विषयों पर उनके  सहयोग से  78 पुस्तकें प्रकाशित हैं । इनमे  34  पुस्तकें मैंने अकेले  लिखी हैं तथा  12 पुस्तकों को संयुक्त रूप से लिखा है । 23 पुस्तकों मे  एक अध्याय लिख कर  सह लेखन में योगदान दिया है तथा 8 पुस्तकों का सम्पादन किया है । इस प्रकार 78  पुस्तकों मे योगदान देने  का श्रेय उन्हे  प्राप्त है । उनकी   कई पुस्तकें भारत के कई विश्वविद्यालयों / बोर्डों / स्वायत्तशासी महाविद्यालयों में पाठ्य पुस्तक / संदर्भ पुस्तक के रूप में लगी हैं ।

उनके ,  बैंकिंग, साहित्य, प्रबंधन आदि विषयों पर 1273   से अधिक लेख विभिन्न पत्रिकाओं में प्रकाशित हैं । उन्होने   संयुक्त रूप से 95 पुस्तकों का अनुवाद किया है । उन्हें   पत्रकारिता का भी विशद् अनुभव प्राप्त है तथा उन्होने   अनेक   पत्रिकाओं के 111 अंकों का संपादन किया है ।  उनके  73 कार्यक्रम आकाशवाणी , मंगलूर एवं गोवा एवं देहरादून से प्रसारित हो चुके हैं । विभिन्न प्रकार के संपादकीय योगदान भी उन्होने  दिये हैं इनकी संख्या 103 है । इस प्रकार उनका  कुल साहित्यिक योगदान 1737 कृतियों का है ।

 उन्होने  108  शोध पत्र / आलेख प्रस्तुत किए हैं तथा 50 विद्याथियों को शोध निर्देशन दिया है । उन्होने   राष्ट्रीय संगोष्ठियों/ कार्यशालाओं  में 648 मुख्य अभिभाषण / व्याख्यान   दिए । सम्पूर्ण विश्व के भाषा विदों एवं विद्वानों ने मेरे  शोध को सराहा है जिसमें उन्होने   यह सिद्ध किया है कि हिन्दी विश्व में सर्वाधिक बोली जानेवाली भाषा है । चीनी भाषा (मंदारिन) दूसरे स्थान पर है । विश्व में समाचार पत्र / पत्रिकाओं एवं इंटरनेट पोर्टलों में इस शोध का काफी प्रचार-प्रसार हुआ है ।डॉ नौटियाल को साहित्यिक योगदान के लिए 101 अवार्ड / प्रशस्तियाँ / मान्यताएँ / पुरस्कार प्राप्त हुए हैं । उन्हें व्यावसायिक उत्कृष्टता हेतु 50 प्रशंसा पत्र प्राप्त हुए हैं । उनके  शोध के लिए उन्हे  92 सराहना पत्र  प्राप्त हुए  हैं । कुल मिला कर ये  243 हैं ।  उन्होने   विभिन्न अकादमिक  कार्यों को सम्पन्न किया है  जैसे शोध निर्देशक, अध्ययन बोर्ड के सदस्य, बैंकिंग शब्दावली के विशेषज्ञ इत्यादि । उन्होने   भारतीय रिज़र्व बैंक, वित्त मंत्रालय, भारतीय बैंक संघ, राष्ट्रीय बैंक प्रबंध संस्थान, भारतीय बैंकिंग एवं वित्त संस्थान तथा अन्य संस्थानों  तथा भारत सरकार के अग्रणी बैंक कार्पोरेशन बैंक  द्वारा विभिन्न विषयों पर गठित 129 शीर्ष समितियों में प्रतिनिधित्व किया एवं सार्थक चर्चाएँ की हैं । डॉ नौटियाल को  16 प्रकार के असाधारण कार्य करने का भी गौरव प्राप्त है । डॉ नौटियाल के  बारे मे जानकारियाँ वैबसाइट मे 644 जगह पर उपलब्ध हैं । एलेक्ट्रोनिक मीडिया पर उन्हे  80 जगह स्थान दिया गया है, प्रिंट मीडिया मे उनके  समाचार 235 जगह प्रकाशित हैं । इस प्रकार 959 स्थानो पर उन्होने अपनी  उपस्थिति दर्ज कराई है । 

  डॉ नौटियाल ने शिक्षा और साहित्य के साथ साथ  समाज सेवा मे भी उल्लेखनीय योगदान दिया है ।  उनके  समाज सेवा हेतु किए  कार्यों को संक्षेप में निम्नवत् देख सकते हैं:

  समाज सेवा मे दिया गया योगदान : समाज के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित करने के लिए डॉ नौटियाल ने  समाज सेवा को अपने जीवन का अपना विनम्र  उद्देश्य बनाया । उन्होने  समाजसेवा को अपना कर्तव्य समझा, इसलिए यह काम उन्हे  कभी बोझ नहीं लगा। यद्यपि उनका  समाज सेवा कार्य किसी एक क्षेत्र तक ही सीमित नहीं था बल्कि यह विविध क्षेत्रों मे था इसलिए इसका बिन्दुवार विवरण संक्षेप मे निम्नवत दिया जा  रहा है  :

  • शैक्षिक झुकाव होने के कारण डॉ नौटियाल ने अपने विद्यार्थी जीवन से ही हमेशा ज्ञान का प्रसार करना चाहा, इसलिए समाज के  उस वंचित वर्ग को साक्षर बनाने के लिए प्रयासरत रहे   जो शिक्षा से वंचित थे , इसलिए  वे मालसी, सीनोला, जोहड़ी गाँव के ग्रामीणो और मजदूरों को साक्षर करने के अभियान से जुड़ गए  और इन इलाकों मे साक्षरता पर दिल लगा कर  काम किया । इस हेतु उन्हे उ प्र सरकार के  नागरिक सुरक्षा संगठन ने पुरस्कृत किया। 
  • डॉ नौटियाल ने उत्तर प्रदेश सरकार के संगठन “ नागरिक सुरक्षा विभाग “ मे सेक्टर वार्डेन के रूप मे सेवाएँ दी ।
  • डॉ नौटियाल ने उत्तरप्रदेश वन विभाग , पश्चमी प्रभाग द्वारा आयोजित पथ वृक्षारोपण कार्यक्रम मे भाग लिया । उनकी उत्तम  सेवाओं के लिए उन्हें  प्रमाणपत्र भी प्राप्त  हुआ ।
  • इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी , देहरादून, हेतु भी उन्होने अपनी सेवाएँ दी ।
  • डी ए वी पोस्ट ग्रेजुएट कॉलेज देहरादून, की समाज सेवा परिषद मे प्रौढ़ शिक्षा प्रभारी के रूप मे समाज सेवा की ।
  • गढ़वाल विश्व विद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना मे उन्हें  ग्रुप लीडर के रूप मे नियुक्त किया गया था तथा राष्ट्रीय सेवा योजना का शिविर प्रमाण पत्र उन्हें माननीय  कुलपति महोदय द्वारा प्रदान किया गया।
  • राष्ट्रीय दृष्टि बाधितार्थ संस्थान, भारत सरकार मे मानद रीडर के रूप मे सेवाएँ दी ।
  • मानवाधिकार संस्थान , नई दिल्ली मे प्रोफेसर के रूप मे मानद सेवाएँ दी।
  • भारतीय तट रक्षक ( भारत सरकार ) के संयोजन मे अंतरराष्ट्रीय तट स्वच्छता अभियान मे योगदान दिया ।
  • निवेशक सर्वेक्षक के रूप मे विशिष्ट सेवायें भारत सरकार के मान्यता प्राप्त डी एस आई आर अनुमोदित संस्था सोसाइटी फॉर कैपिटल मार्केट रिसर्च एंड  डेव्लपमेंट के लिए सेवाएँ दी ।
  • ग्रामीण महिलाओं मे वित्तीय साक्षरता एवं निवेश जागरूकता को बढ़ाने के लिए , भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड, भारत सरकार   के तत्वावधान मे 100 से अधिक कार्यशालाएं आयोजित की ।
  • डॉ नौटियाल , इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ कॉर्पोरेट एफ़ैर्स, भारत सरकार के वित्तीय साक्षरता एवं निवेशक जागरूकता कार्यक्रम से भी जुड़े हुए हैं  । इसके अंतर्गत सम्पूर्ण भारत मे कार्यशालाओं / संगोष्ठियों / कार्यक्रमों, द्वारा निवेशकों को जागरूक करके उनकी हित रक्षा की जाती है ।
  • उत्तराखंड के सामाजिक एवं सांस्कृतिक विकास के लिए “ उत्तराखंड सांस्कृतिक समिति मे भी अपनी सेवाएँ दे रहे  हैं  । गढ़वाली भाषा के मानकीकरण के क्षेत्र में भी उन्होने  उल्लेखनीय  योगदान दिया है ।
  • डॉ नौटियाल ने  ग्रामीण किसानों की आय मे बढ़ोतरी करने के लिए भिंडी के एसे बीज का विकास किया है जिससे किसानों की आय मे 10 गुना वृद्धि होगी । इस बीज को विकसित करने के लिए उन्होने  यह बीज पंत नगर कृषि एवं प्रोद्योगिकी को दान दिए  ताकि वे  बड़े पैमाने पर इसका उपयोग करके किसानो की आय मे वृद्धि करने  के हमारे माननीय प्रधान मंत्री जी के सुझावों को लागू करने मे योगदान दे सकें ।
  • अपने बैंकिंग कार्य काल के दौरान भी उन्होने  राष्ट्रीय योजनाओं जैसे “ जन धन योजना” , अटल पेंशन योजना , जीवन ज्योति बीम योजना , जीवन सुरक्षा बीमा योजना मे उल्लेखनीय कार्य किया है । उनके  उत्कृष्ट कार्यों को देखते हुए बैंक के कार्यपालक निदेशक महोदय द्वारा उन्हे  प्रसंशा पत्र प्रदान किया गया ।

डॉ नौटियाल ने  उपरोक्त सेवाएँ निस्वार्थ भाव से एवं पूर्ण समर्पण की भावना से की हैं । उनका  प्राथमिक लक्ष्य यही रहा है की समाज का उत्थान हो । इस सेवा के पीछे उनकी  यह भावना भी रही है की वे  एक ऐसा उदाहरण प्रस्तुत्त कर सकें जिससे आने वाली पीढ़ी को प्रेरणा मिल सके व अधिक से अधिक संख्या मे हमारे समाज मे सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए अधिक से अधिक लोग जुड़ सकें ।

 

Academic Qualifications

78 Degree, Diploma & Certificate acquired from recognized Universities / Boards / Institutions. (Total  252  Paper Passed /   Completed.)

Educational Qualifications :  9 Degree/Diplomas (which includes, M.A Hindi (Gold  Medalist, Ist Rank in University), M.A. English, Ph. D (Linguistics), D. Lit,(Through Post Doctoral Research)  LL.B etc.,

Professional Qualifications    :   31 Degree/Diplomas( which includes, M B A in Banking & Finance, C A I I B, C P D, D B M, etc.,Training Passed/Completed :   28 Training Certificates. Professional / Skill Development Training acquired from Reputed &  Recognized Institutions / Organisations (Studied 78 subjects- 9+34+35=78 )

Honors & Awards - (Total - 101 Awards)

01

World Recognition : Most Versatile Banker (Limca Book Of Records) 

02  

Excellent Translator & Language Expert – A Biographical Note published in National Register of Translators by SAHITYA ACADEMY, New Delhi (1994) Ref – 1005 Page 65.

03  

A Biographical Note published in Reference Asia, as an “Author” (a man of achievement) Ref. 785, 1995 publication (Men of achievements in Asia).

04  

A Biographical Note published in a Directory of Writers/Authors Published By SAHITYA ACADEMY” Ref. page 40, 1990 publication. Revised Edition 2015, Attached.

05 Best Article award at All India O.L. Conference instituted by Kudremukh Iron Ore Co. Ltd., H.O. Bangalore – April, 1996 (Topic of write up was – Role of Top Executives in O.L. Implementation).
06 Felicitated by South Based Nationalised Banks at Ooty for writing Book in Hindi on Bank Management. This is the first Authentic Book on Bank Management and recommended for CAIIB, Examinations. (23.08.1993).
07 Best Article Prize – (Jan – March 1990) instituted by Kshema, House Journal of Corporation Bank (Topic – Bilingual computers & Electronic Equipments).
08  Best Article Prize – (Jan – March 1990) instituted by Kshema, House Journal of Corporation Bank (Topic – Bilingual computers & Electronic Equipments).
09 Felicitated by South Based Nationalised Banks at Ooty for writing Book in Hindi on Bank Management. This is the first Authentic Book on Bank Management and recommended for CAIIB, Examinations. (23.08.1993).
10  “Best Surveyor” adjudged by National Service Scheme, DAV (PG) College, Dehradun in the year of 1997 (14th March).
11

Civil Defence Wardens Competitions – 4.11.76 IInd Prize. 

12 Dist. Level prizes on paintings, Art Competitions. 
13 Dist. Level prizes in Essay writing.
14 Prize for Path Vriksharopan (Social Forestry)., Govt. Of U P 
15 Prize for Adult Education by Civil Defence (U.P. Govt.) 
16 Best Article award for my write up – Training Through Hindi Medium N.I.B.M. 1996, Vijaya Nath Bhat (G.M.) issued special appreciation letter. 
17 Best write-up Award – National Institute of Bank Management, Pune, 1996 – (Role of Hindi Officers). 
18

Padmashri A.R. Bhat Award Ministry of Industry, Govt. of India 1998.
(National level) for Best Book written in Hindi During 5 years (1993 to 1997)

19 Certificate of Merit Awarded by Corporation Bank, under Banks’ Scheme for encouraging employees to achieve Excellence in the field of Sports, Art & Culture. (1997). 
20

Corpbank National Level Award winning appreciation Letter 12-07-1999 

21 Rajbhasha Vibhag Puraskar for best Article – Hindi EK Antarrastriya Bhasha hai – 1999 (National Level) 
22 Sahitya Mandal Srinathdawara Conferred The Title “HINDI BHASHA BHOOSHAN”. The Institution in Point is in existence for the last 67 years and is of high esteem all over the Nation. The Award given is also of National Level. (Sept. 2000 
23 “RASHTRIYA HINDI SEVI SAHASRABDI SAMMAN” was conferred IAWEP an organization affiliated to UNO, UNESCO, UNICEF (Sept. 2000) (International) 
24

“RAJBHASHA VISHISTHTA SAMMAN” given by Department of official languages, Ministry of Home Affairs, Govt. of India, Sponsored by TOLIC Mangalore (Sept. 2000).

 
25 “RAJBHASHA SAMMAN” given by CENTRAL TRANSLATION DUREAU, BANGALORE, Ministry of Home Affairs, Govt. of India (Sept. 2000). 
26 VITTA MANTRI, HINDI PUSTAK LEKHAN YOJANA-II PRIZE (All India Level) Awarded by INDIAN BANKS ASSOCIATION, MUMBAI (DEC 2000) Scheme formulated by Ministry of Finance, Govt. of India. 
27

My name & biographical details have been incorporated in “WHO IS WHO OF INDIAN WRITERS” PUBLISHED BY SAHITYA AKADEMY, NEW DELHI. (VOLUME-II Z, PAGE 867), which carries names of eminent mem of letters in all Indian Languages. (Dec.1999).

28 International Felicitation for Human Rights Dec. 2000 Awarded by Institute of Human Rights, New Delhi on 23.12.2001. 
29 Rashtra Bhasha Gaurav Samman – USM Patrika & National Conference – 29th April, 2001. 
30 Sahitya Mahamahopadhyaya – Hindi Sahitya Sammelan, Prayag, Allahabad, U.P., June, 2001 
31

Dr Laxmi Narayan Dubey Samman – Gemini Akademy, Panipal, Haryana, Awarded on 04.08.2001.

32 “Hindi Ratna” – Rashtriya Hindi Parishad Meerut, U.P., (21st September, 2003). 
33 “Commendation Certificate” awarded by Govt. of India, Ministry of Home Affiars, Dept., of O.L. for 1999 – 2000. 
34

2001 Human Rights Promotion Award (10th Dec. 2001). World Human Rights Congress & Indian Institute of Human Rights, New Delhi.

35 “Commendation Certificate” awarded by Govt. of India, Ministry of Home Affiars, Dept., of O.L. for 2000- 2001. 
36 “Commendation Certificate” awarded by Govt. of India, Ministry of Home Affairs, Dept., of O.L. for 2001 – 2002. 
37 “Bharatendu Rajbhasha Shiromani Samman” Awarded presented by Bharatiya Rajbhasha Vikas Samsthan, Dehradun, Uttarakhand. 
38

Cash Incentive for writing book titled “Nai Sahasrabdi Main Banking Ka Swaroop” under CAB, RBI Scheme in June 2004.

39 “Proud Member of Corp Bank Team” Appreciation Letter given by Chairman and Managing Director, Corporation Bank.12 March 2004. 
40 “ Hindi Seva Samman” -Felicitation by BHEL (Bharat Heavy Electricals Ltd.,), Bangalore for Literary Contribution in November, 2006 at Bangalore (Karnataka) on 24.08.2006. 
41 “Turn Coat Competition” IInd Prize, Corporation Bank Employee’s Sports/Recreation Club, Mangalore. 
42

“Mock Press Competition”, IInd Prize, Corporation Bank Employee’s Sports/Recreation Club, Mangalore.

 
43 All India Level Second Prize for my book titled “Hindi Evam Banking Thatha Arthik Paridrishya” awarded by Ministry of Finance, Govt. of India, New Delhi on 25.09.06. 
44 I was honoured with inclusion in Indo – American who’s who on Page-411 Volume III by F.I. Publication, February, 2002. 
45 My Article was adjudged as “The Best” entry in O.L. Competition organized by “Daily Milap” Hyderabad on 14.02.2003. (Awarded Cash Prize). 
46

“VISHISTH HINDI SEVI SAMMAN” confirmed by Mysore Hindi Prachar Parishad and Karnataka Hindi Sahitya Academy, Bangalore on 03rd February, 2006.

 
47 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2003-04. 
48 Certificate of Recognisation for Saving Bank Campaign during 18-8-2003 to 18-8-2003,given by Corporation Bank, H O mangalore. 
49 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2004-05 for First Prize. 
50 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2005-06 for First Prize. 
51 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2006-07. 
52

“Subhadra Kumari Janm Satabdi Samman” confirmed by JAIMINI AKADEMY, Panipat. (04.10.2004).

 
53 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2007-08 
54 Felicitation by Chetna Literary Group, Mangalore for contribution to literature on 20.02.2008. 
55 National Level Book Competition Won IInd Prize for my “Book titled” Bank Prabandhan ke vividh Aayam” Cash Prize given by Ministry of Finance, Govt. of India, New Delhi on 02.09.2009. 
56

“Unblemished Service Honor” By Corporation Bank on 04.03.2009. 

57

“VAJRA MAHOTSAV SAMMAN” Hindi Prachar Samithi, Udupi, Karnataka awarded on 31.01.2009 by Dr. B.S.Acharya, Hon’ble Minister of Home, Govt. of Karntaka. 

58 “Best Presentation of The Session” First Prize, ( Cash Prize) Given by Smt. Kamala Rajan CGM, RBI, CAB, Pune at National Seminar on Financial Inclusion & Financial Education on 27-10-2010. 
59

Arya Samithi Samman, KitabGhar Prakashan, New Delhi, Dec. 2011 

60

“RAJBHASHA SHILPI SAMMAN” Awarded by Bhartiya Rajbhasha Vikas Sansthan, Dehradun, Uttarakhand, on 18 October 2013 at Madurai, 

61 RAJBHASHA GAURAV SAMMAN” Awarded by Bhartiya Rajbhasha Vikas Sansthan, Dehradun, Uttarakhand, on
18 October, 2013 at Madurai, Tamilnadu. 
62 Sahitya Samaj Seva Abhinandan Patra by Samman Samiti Baitul. Madhya Pradesh. 13-02-15. 
63 Commendation Certificate for getting IInd Prize as Member Secretary Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2012-13 at Chennai. Awarded By H E Governor of Tamil Nadu at Chennai on 10-02-2014. 
64 Commendation Certificate for getting 1st Prize as Member Secretary of TOLLIC, Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2006-07. 
65 My Article was adjudged as “The Best” entry and won 1St Prize in All India, Vigilance Competition organized by “Corporation Bank on 14.12.2013. (Awarded Cash Prize & Certificate). 
66 Shield for getting 2nd Prize in International Coastal Cleaning Drive, Organised By Indian Coast Guard, Government Of india, on 22-09-2013. 
67 Indira Gandhi Shield & Commendation Certificate for getting Ist Prize as Member Secretary Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2013-14 at New Delhi.. Awarded By H E Shri Pranab Mukherjee, Presedent Of India, on 15-11-2014. 
68 “Quality Award for Hindi In Banking” Awarded by Ministry of Finance, Department of Financial Services, Government of India, on 10-01-2015 at Lucknow, U P. 
69 Commendation Certificate for getting Ist Prize as Member Secretary Awarded by Ministry of Home Affairs, Govt. of India for the year 2013-14 at Mangalore. Awarded By H E Governor of Karnataka on 27-03-2015. 
70

“Most Versatile Personality of The World” National Himalaya Aur Hindustan Excellency Award-2014 was conferred to me by Himalaya Aur Hindustan Foundation, Dehradun, Uttarakhand on 30-3-2015. 

71 “ Most Versatile Banker of The World” Citation awarded by Ministry of Finance, Dept. of Financial Services, Govt. of India, on 09-04-2015. 
72

“DESH RATNA SAMMAN” Awarded by Gemini Academy, Hariyana for my research work, on Hindi Language and propogation of Hindi on 11-04-2-15. 

73

“National Excellency Award-2015”, Awarded by News Papers & Magazines federation of India, dehra Dun, Uttarakhand, on 3rd July 2015. 

74

“National Honour award 2015 ( Rashtriya Shikhar Samman)- for Literature & Administration, Awarded by Vivekanand Educationa, Cultural& Sports organization, west Bengal, awarded on 20-09-2015 at Murshidabad, West Bengal. 

75 National Level Award “Hindi Senani Bhagwati Prasad Devpura Award- 2015”, awarded jointly by Rashtrabhasha Swabhiman Nyas, Sarthak Prayas & Maharshi Dayanand Shikshan Sansathan, Gaziabad, U P at award function organized at K L Mehta Womens College, Faridabad, Hariyana, on 25-10-2015. 
76

Bhartiya Dalit Sahitya Akedemi National Fellowship Samman 12-12-2015 at New Delhi, awarded at 31st National Conference of Dalit writers, New Delhi. 

 And other 25 National Level Awards for Literary Contributions from Government of India and Institutions of National Repute.

Books & Publications

 

01 Pitambar Dutt Barthwal ke nibandhon ka Aalochnatmak Adhyayan 
02 Katha Manas Meemansha 
03 Bank Prabandhan Ke Siddhant 
04 Krishitar Gramin Rin Aur Bainkon ki Bhoomika 
05 Udyog Rojgar Aur Baink Sahayata 
06 Rajbhasha Sookti Sangrah 
07 Anuvad Siddhant Avam Vyhar 
08 Abhinav Nibandh Sangrah 
09 Nai Sahashrabdi main bainking ka Swaroop 
10 Hindi Tatha Bainking Avam Arthik Paridrishya 
11 Hindi Anusheelan ( Rajbhasha Anusheelan) 
12  Samajik Chikitsa Vigyan Ke Naye Aayam 
13  Hindi Ki Pratinidhi Kahanitan-Tatvik Vivechan 
14  Bhasha Vigyan Pravesh aur Hindi Bhasha 
15  Nari Sashaktikaran Evam Berojgari Unmoolan 
16  Vedic Evam Prachya Vigyan 
17  Akal Mrityu First Edition 
18  Laghu Natak Manjari 
19  Dharm Vigyan Aur Samaj 
20  Bainking Prabandhan ke Vividh Aayam 
21  Bainkon Main Dwibhashi Computerikaran-Dasha Aur Disha 
22 Career Margdarshika 
23  Anuvad Vigyan Siddhant Evam Pravidhi 
24  Tulsidas Ka Ramcharit Manas 
25  Seva Aur Samarpan 
26  Sahitya Vivechan 
27  Sahitya Vimarsh 
28  Adhunik Hindi Kavya Ka Punar Mulyankan 
29  Adyatan Vasthunishth 
30  Paryavaran, Van Aur Samaj 
31 Yatharth Kavya Sangrah
32 Ekanki Vividha

 

Family

Dr. J. P. Nautiyal is happily married to Mrs. Manorama Nautiyal, M.A, B.Ed., M.A, Ph. D who is working as the HOD ( Hindi) in Sharada Pre-University College. Dr. Nautiyal is blessed with three daughters, The eldest daughter Dr. Aruna Nautiyal Maithani, M D S ( Periodontics ) is a Dental Surgeon married to Mr. Suman Maithani who is an Engineer and presently working as General Manager in Domino’s. They are blessed with two sons Atharv and Aarav. The second daughter Mrs.Nidhi Nautiyal Semwal is a Senior Engineer working for I H S market and is married to Mr.Rahul Semwal who is also an Engineer and working as Manager in Maruti  Suzuki India Limited. The third daughter Miss Aparna Nautiyal is also an Engineer working in Oracle as Associate Engineer and is happly married to Mr Kavish Manjkhola who is also an Engineer and working in  Deloitte, at Hyderabad. 

  

 

 

 

 

Additional Info

  • Category: Civilian
  • Profession: Administration
  • Awards/पुरस्कार:

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  • Literary Books/पुस्तकें: Please refer article
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